Released in 1986, Jaanbaaz remains one of the most stylish and ambitious films of 1980s Hindi cinema. Produced and directed by Feroz Khan, the film blended family drama, romance, action, and crime within a visually lavis...
View on Facebook"याराना" किशन और भिशन नामक दो दोस्तों की कहानी है। किशन एक गरीब अनाथ और भिशन अमीर होता है। उनकी इस गहरी दोस्ती को खत्म करने और अपनी इस नापाक साजीश-जो कि उसने अपने लडके जगदीश के साथ बनायी थी; को सफल बनाने के लिए भिशन के मामाजी ने उसे बहुत दूर शहर में उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए भेज दिया। वर्षों बाद जब भिशन अपने गाँव वापस आय तो उसको अपने मित्र किशन की प्रकृति-प्रदत्त गायन-क्षमता का एकसास हुआ। किशन की गायन-क्षमता से संतुष्ट हो उसने उसे शहर में अच्छी संगीतकार के निर्देशन में गायन का अभ्यास करने की व्यवस्था कर दी ताकि किशन एक अच्छा गायक बन जाय। किन्तु इसी दौरान, उसे अपने मामाजी और जगदीश के नापाक कारनामों से अपनी विशाल रियासत के नष्ट होने के एहसास होता है। किशन भी यह महसूस करता है। किन्तु, काफी देर हो चुकी होती है। इसी बीच उसका मित्र धन की लालच में अबोध बालकों के अपहरण करने के मामले में फंस जाता है। किशन अपने मित्र को बचाने के लिए सारा इल्जाम अपने ऊपर ले लेता है; और मामाजी तथा जगदीश के गिरोह से संघर्ष करता है- क्या उसके इस त्याग का फल उसे मिला? क्या वह अपने मित्र को निर्दोष साबित कर सका?
यही है- "याराना"!!!
(From the official press booklet)